PM Fasal Bima Yojana: फसल बीमा योजना फसल वर्ष 2023-24 के लिए ये हैं महत्वपूर्ण बदलाव

Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana-PMFBY में बदलाव की तैयारियां चल रही हैं। केंद्र सरकार अधिक बीमाकर्ताओं की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए प्रीमियम दर को युक्तिसंगत बनाने और इसे सुधारने की योजना पर काम कर रही है। सूत्रों के अनुसार केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद योजना में संभावित महत्वपूर्ण बदलाव फसल वर्ष 2023-24 (जुलाई-जून) से लागू कर दिए जाएंगे।

PM Fasal Bima Yojana

फरवरी 2016 में शुरू की गई PMFBY scheme का उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल के नुकसान/क्षति से पीड़ित किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करना है।

इस योजना के तहत खरीफ (गर्मी) के मौसम में उगाई जाने वाली सभी खाद्य और तिलहन फसलों के लिए किसानों द्वारा देय अधिकतम प्रीमियम दो प्रतिशत, रबी (सर्दियों) मौसम और वाणिज्यिक और बागवानी फसलों में उगाई जाने वाली समान फसलों के लिए 1.5 प्रतिशत है। फसलों के लिए 5 फीसदी किसानों द्वारा देय प्रीमियम और बीमा शुल्क की दर का अंतर केंद्र और राज्यों द्वारा समान रूप से साझा किया जाता है।

2020 में संशोधित

इस योजना को अंतिम बार वर्ष 2020 में संशोधित किया गया था ताकि किसी भी घटना के 72 घंटों के भीतर किसानों की स्वैच्छिक भागीदारी और फसल नुकसान की रिपोर्ट की जा सके।

बारिश की वजह से देश के आधे से ज्यादा राज्यों में बाढ़ जैसे हालात हैं। बाढ़ के कारण फसलों को नुकसान पहुंचा है। वहीं, कई राज्यों में बारिश नहीं होने से किसान परेशान हैं। इन परिस्थितियों में Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana (PMFBY) किसानों के लिए काफी मददगार साबित हो सकती है। किसान Pradhanmantri fasal Bima Yojana के तहत अपनी फसल का बीमा कराकर आर्थिक नुकसान से बच सकते हैं।

यहां जानें- योजना के फायदे

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का उद्देश्य है कि किसान कम से कम कर्ज का बोझ उठाते हुए सरकार की योजनाओं का लाभ उठाकर कृषि से अपनी आय में वृद्धि कर सकें।
सरकार प्राकृतिक आपदाओं के कारण नुकसान झेल रहे किसानों को PMFBY के तहत राहत देने की कोशिश कर रही है।
इस योजना का उद्देश्य कृषि में किसानों की रुचि को बनाए रखने और स्थायी आय प्रदान करने के प्रयास भी हैं।
इस योजना का उद्देश्य कृषि कार्य के लिए नई तकनीक से निर्मित मशीनरी को प्रोत्साहित करना और अपनाना भी है।

इस योजना के तहत प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल खराब होने की स्थिति में बीमा प्रीमियम को बहुत कम रखा गया है.
किसानों को खरीफ फसल के लिए 2% और रबी फसल के लिए 1.5% प्रीमियम का भुगतान करना होगा।

Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana के तहत रजिस्ट्रेशन कैसे करें

PMBFY में पंजीकरण करना बहुत आसान है। कोई भी किसान PMBFY का लाभ उठा सकता है। PMFBY में रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन या ऑफलाइन किया जा सकता है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत पंजीकरण करने के लिए अपनी नजदीकी बैंक शाखा, सहकारी बैंक लिमिटेड, लोक सेवा केंद्र, अधिकृत बीमा कंपनी से संपर्क करें या http://pmfby.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

  • PMFBY की आधिकारिक वेबसाइट pmfby.gov.in पर जाएं।
  • होमपेज पर किसान कॉर्नर पर क्लिक करें।
  • यहां अपने मोबाइल नंबर से लॉग इन करें और अगर आपके पास अकाउंट नहीं है तो गेस्ट किसान के तौर पर लॉग इन करें।
  • यहां आवश्यक विवरण जैसे- नाम, पता, आयु, राज्य आदि दर्ज करें।
  • अब सबमिट के विकल्प पर क्लिक करें।

PMFBY का लाभ लेने के लिए इन बातों का रखें ध्यान

इस योजना का लाभ लेने के लिए फसल की बुवाई के 10 दिनों के भीतर प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का फॉर्म ( PMFBY Form )भरना आवश्यक है।
अगर कटाई के 14 दिनों के बीच प्राकृतिक आपदा से आपकी फसल को कोई नुकसान होता है तो आप बीमा का लाभ ले सकते हैं।
किसानों को इस बात का ध्यान रखना होगा कि यदि प्राकृतिक आपदा से आपकी फसल को नुकसान पहुंचता है तो ही आपको इस योजना का लाभ मिलेगा

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